NAMASTE Scheme: सफाई कर्मचारियों के लिए सरकार की बड़ी पहल, 89,915 कर्मचारियों का सत्यापन, PPE, हेल्थ कार्ड और मशीनीकृत सफाई को बढ़ावा
अरुण कुमार
नई दिल्ली :NAMASTE योजना: मशीनीकृत सफाई से बदलेगी सफाई कर्मचारियों की जिंदगी, सरकार का लक्ष्य- ‘जीरो डेथ’ और सम्मानजनक रोजगार, भारत सरकार देशभर में सीवर और सेप्टिक टैंक की खतरनाक मैनुअल सफाई को पूरी तरह समाप्त करने तथा सफाई कर्मचारियों को सुरक्षित, सम्मानजनक और तकनीक आधारित कार्य वातावरण उपलब्ध कराने के लिए नेशनल एक्शन फॉर मैकेनाइज्ड सैनिटेशन इकोसिस्टम (NAMASTE) योजना को तेजी से लागू कर रही है।
यह योजना सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय तथा आवास एवं शहरी कार्य मंत्रालय द्वारा संयुक्त रूप से संचालित की जा रही है। इसका उद्देश्य मशीनीकृत सफाई प्रणाली को बढ़ावा देना, सफाई कर्मचारियों को सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराना, कौशल विकास, स्वास्थ्य सुरक्षा और स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है।

केंद्रीय सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री डॉ. वीरेंद्र कुमार ने कहा कि सरकार का लक्ष्य केवल सफाई व्यवस्था का आधुनिकीकरण नहीं बल्कि प्रत्येक सफाई कर्मचारी को सम्मान, सुरक्षा और सामाजिक सुरक्षा उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि सीवर और सेप्टिक टैंक की खतरनाक मैनुअल सफाई पूरी तरह समाप्त हो, सफाई कार्य पूरी तरह मशीनों के माध्यम से किया जाए और स्वच्छता कार्य के दौरान होने वाली मौतों को शून्य (Zero Death) तक लाया जाए व सफाई कर्मचारियों को आधुनिक तकनीक, प्रशिक्षण और बेहतर आजीविका के अवसर उपलब्ध हों।
योजना के अंतर्गत सफाई कर्मचारियों को कई महत्वपूर्ण सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं जैसेकि PPE (Personal Protective Equipment) किट, स्वास्थ्य बीमा, आयुष्मान भारत योजना का लाभ,हेल्थ कार्ड, व्यावसायिक सुरक्षा प्रशिक्षण, कौशल विकास कार्यक्रम, स्वरोजगार हेतु वित्तीय सहायता, आधुनिक मशीनों तक पहुंच और उद्यमिता को बढ़ावा व सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ देना है।
सरकार द्वारा Emergency Response Sanitation Units (ERSU) को आधुनिक सुरक्षा उपकरणों से लैस किया जा रहा है ताकि किसी भी आपात स्थिति में सुरक्षित तरीके से सफाई कार्य किया जा सके। सरकार द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार सत्यापित लाभार्थी 89,915 सीवर एवं सेप्टिक टैंक कर्मचारी व 2,81,117 कचरा बीनने वालों का सत्यापन, PPE किट वितरण, 87,037 सीवर एवं सेप्टिक टैंक कर्मचारियों को PPE किट तथा 1,84,118 कचरा बीनने वालों को PPE किट।
हेल्थ कार्ड-76,845 सीवर एवं सेप्टिक टैंक कर्मचारियों को हेल्थ कार्ड व 1,04,729 कचरा बीनने वालों को हेल्थ कार्ड।
सुरक्षा इकाइयाँ-753 Emergency Response Sanitation Units (ERSU) को आधुनिक सुरक्षा उपकरणों से सुसज्जित किया गया।
सरकार ने NAMASTE योजना के तहत सीवर सफाई में जीरो डेथ, मैनुअल स्कैवेंजिंग का पूर्ण उन्मूलन, मशीन आधारित सफाई व्यवस्था, आधुनिक प्रशिक्षित स्वच्छता कार्यबल तैयार करना और स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से उद्यमिता बढ़ाना तथा सफाई कर्मचारियों के जीवन स्तर में सुधार लाना है। केंद्र सरकार राज्य सरकारों, केंद्र शासित प्रदेशों, नगर निकायों तथा अन्य कार्यान्वयन एजेंसियों के साथ मिलकर पूरे देश में मशीनीकृत सफाई व्यवस्था का विस्तार कर रही है।
सरकार का मानना है कि तकनीक आधारित स्वच्छता व्यवस्था न केवल कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करेगी बल्कि देश में स्वच्छता सेवाओं की गुणवत्ता भी बेहतर होगी। सरकार के अनुसार “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास” के तहत सफाई कर्मचारियों को गरिमा, सुरक्षा और सम्मानजनक रोजगार उपलब्ध कराना NAMASTE योजना का मूल उद्देश्य है।
NAMASTE Scheme 2026, नमस्ते योजना, सफाई कर्मचारी योजना, मशीनीकृत सफाई, Manual Scavenging, Sewer Cleaning Scheme, Sanitation Workers, PPE Kit, Ayushman Bharat, Dr Virendra Kumar, Social Justice Ministry, Swachh Bharat, Mechanized Sanitation India
#NAMASTE #MechanizedSanitation #SafaiKarmchari #ManualScavenging #SwachhBharat #DrVirendraKumar #AyushmanBharat #PPEKit #SanitationWorkers #IndiaNews #GovernmentScheme #SocialJustice #UrbanDevelopment #PublicHealth #IBNews










3 thoughts on “नई दिल्ली: NAMASTE योजना: मशीनीकृत सफाई से बदलेगी सफाई कर्मचारियों की जिंदगी, सरकार का लक्ष्य- ‘जीरो डेथ’ और सम्मानजनक रोजगार,”
Jaldi empliment hona chahiye
Safai karmchari
Good